शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। ईद-उल-फितर के पावन अवसर पर जहां एक ओर शहर के अंबाला रोड स्थित ईदगाह में नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मुबारकबाद दी, वहीं दूसरी ओर कांग्रेस नेताओं की अलग-अलग मौजूदगी राजनीतिक चर्चा का विषय बन गई।

ईदगाह में कांग्रेस सांसद इमरान मसूद नमाजियों के बीच पहुंचे और सभी को ईद की शुभकामनाएं दीं। दूसरी ओर, महानगर अध्यक्ष मनीष त्यागी भी अपने समर्थकों के साथ अलग से कार्यक्रम में शामिल हुए और नमाजियों पर पुष्प वर्षा कर बधाई दी।
हालांकि, दोनों नेताओं का एक ही मंच पर न आना और अलग-अलग मौजूदगी ने स्थानीय राजनीतिक माहौल में कई सवाल खड़े कर दिए। मौके पर मौजूद लोगों के बीच इस बात को लेकर चर्चा रही कि संगठन के भीतर तालमेल की कमी साफ नजर आ रही है।
चर्चाओं को उस समय और बल मिला जब शहर में लगे सांसद इमरान मसूद के पोस्टर और होर्डिंग्स में महानगर अध्यक्ष मनीष त्यागी की तस्वीर नजर नहीं आई। इसे लेकर कार्यकर्ताओं और राजनीतिक जानकारों के बीच तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि संगठन के भीतर इस तरह की दूरी बनी रहती है, तो इसका असर आगामी विधानसभा चुनाव-2027 पर पड़ सकता है। किसी भी चुनाव में जीत के लिए संगठनात्मक एकता और समन्वय बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
फिलहाल, ईद जैसे सौहार्दपूर्ण अवसर पर भी कांग्रेस के दोनों प्रमुख नेताओं का अलग-अलग नजर आना जिले की राजनीति में नई चर्चाओं को जन्म दे रहा है।








