शहरी चौपाल ब्यूरो
नानौता। नगर के जनता मॉन्टेसरी जूनियर हाईस्कूल में वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया गया, जिसमें नर्सरी से लेकर कक्षा आठवीं तक के सभी छात्रों का प्रदर्शन सराहनीय रहा। विद्यालय का परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत रहने पर स्कूल परिसर में उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिला। रिजल्ट मिलते ही बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे और अभिभावकों ने भी बच्चों की सफलता पर गर्व व्यक्त किया।
शनिवार को आयोजित कार्यक्रम का शुभारम्भ विद्यालय के प्रधानाचार्य रामभूल सिंह द्वारा मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर उन्होंने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि वार्षिक परीक्षा परिणाम केवल अंक प्राप्त करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह छात्रों के पूरे वर्ष भर के परिश्रम, अनुशासन और समर्पण का मूल्यांकन भी होता है।
उन्होंने कहा कि जिन छात्रों को इस बार अपेक्षित सफलता नहीं मिल पाई है, उन्हें निराश होने की आवश्यकता नहीं है, बल्कि इसे सीखने का अवसर मानकर आगे और बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास करना चाहिए। सफलता केवल पढ़ाई से नहीं, बल्कि सकारात्मक सोच, निरंतर प्रयास और आत्मविश्वास से प्राप्त होती है।
विद्यालय में घोषित परिणाम के अनुसार कई छात्रों ने अपनी-अपनी कक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। इनमें अद्विता ठाकुर, प्राची कर्णवाल, आसमा, मौ शमी, अविश कर्णवाल, काशवी धीमान, मनप्रीत कौर, रूही, आरोही, अवनी, आस्था और निधि सहित अन्य छात्रों ने अपनी कक्षाओं में टॉप कर विद्यालय का नाम रोशन किया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय प्रबंधन द्वारा मेधावी छात्रों को प्रोत्साहित किया गया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई। शिक्षकों ने भी छात्रों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि शिक्षा जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है और निरंतर सीखते रहने से ही सफलता प्राप्त होती है।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रबंधक दिनेश सिंह पुंडीर, रेणु पुंडीर, लक्की कुमार, संजय कुमार, रविशा, खुशबू, प्राची, सुनीता अरोड़ा, दीपा, मीनाक्षी, आरती, सुनीता राणा, अल्का सैनी, सोनिया, नीलम राणा, प्रतिभा, सना, नसरीन, शबनम, आंशिका शर्मा, आकांक्षा त्यागी और स्वाति सहित विद्यालय स्टाफ के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे। सभी ने मिलकर छात्रों की सफलता का उत्सव मनाया और उन्हें आगे भी इसी प्रकार मेहनत करने के लिए प्रेरित किया।
विद्यालय प्रबंधन ने बताया कि उनका उद्देश्य केवल परीक्षा परिणाम तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया जाता है। विद्यालय में शिक्षा के साथ-साथ नैतिक मूल्यों, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना भी विकसित की जाती है, जिससे छात्र भविष्य में एक बेहतर नागरिक बन सकें।
अंत में प्रधानाचार्य ने सभी अभिभावकों का भी आभार व्यक्त किया, जिन्होंने अपने बच्चों की शिक्षा में सहयोग दिया और विद्यालय पर विश्वास बनाए रखा। उन्होंने आशा जताई कि आने वाले समय में भी छात्र इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन कर विद्यालय का नाम रोशन करते रहेंगे।








