लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में हाल के वर्षों में जिन सात नए हवाई अड्डों का उद्घाटन किया गया, उनमें से छह अब तक पूरी तरह संचालित नहीं हो सके हैं।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए कहा, “देखो भाजपा का भ्रष्ट प्रबंध—सात में से छह नये हवाई अड्डे बंद! उत्तर प्रदेश के बाकी हवाई अड्डों का क्या हाल है, ‘घास हटवाकर’ ये भी तो देख लिया जाए।” उनके इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर गर्माहट बढ़ गई है।
कई एयरपोर्ट्स का किया जिक्र
सपा प्रमुख ने अपने बयान में प्रदेश के प्रमुख एयरपोर्ट्स जैसे कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, आजमगढ़ हवाई अड्डा और चित्रकूट हवाई अड्डा का उल्लेख करते हुए दावा किया कि इन स्थानों पर नियमित उड़ान सेवाएं ठप पड़ी हैं या अपेक्षित स्तर पर संचालित नहीं हो रहीं।
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में बड़े पैमाने पर शुरू की जा रही बुनियादी ढांचा परियोजनाएं केवल चुनिंदा ठेकेदारों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से चलाई जा रही हैं। अखिलेश यादव ने कहा, “भाजपा में अरबों का निर्माण सिर्फ अपनों को ठेके बांटकर, कमाई को बांटने के लिए होता है। इन्हें न तो कोई हवाई अड्डा चलाना है, न उड़ान योजना में कोई हवाई जहाज उड़ाना है, इन्हें तो बस कमाना है।”
प्रधानमंत्री के बयान पर भी पलटवार
इससे पहले नरेन्द्र मोदी ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन के दौरान समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया था कि सपा सरकार के समय नोएडा को “लूट के लिए एटीएम” बना दिया गया था।
प्रधानमंत्री के इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए अखिलेश यादव ने बिना नाम लिए कहा, “हमारे प्रदेश में मेहमान बनकर आए हैं, हम उनको मेहमान मानकर ही सम्मान सहित विदा करेंगे। जाने वालों की बात का बुरा नहीं माना जाता है। जब हार साक्षात दिखने लगती है तो इंसान को न अपने पद का मान रहता है, न ही अपने कथन पर नियंत्रण।”
उन्होंने आगे कहा, “उम्र और पद का मान करना हमारे संस्कार में है और हमेशा रहेगा। सादर विदाई!”
राजनीतिक माहौल हुआ गर्म
अखिलेश यादव के इस बयान के बाद उत्तर प्रदेश की सियासत में एक बार फिर आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। जहां एक ओर सपा भाजपा सरकार पर विकास कार्यों में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप लगा रही है, वहीं भाजपा इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए अपने विकास कार्यों को उपलब्धि बता रही है।
फिलहाल, एयरपोर्ट संचालन को लेकर उठे इन सवालों पर सरकार की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया का इंतजार है। यह मुद्दा आने वाले समय में प्रदेश की राजनीति में एक बड़ा विषय बन सकता है।








