नई दिल्ली। मौसम में लगातार हो रहे बदलाव का असर अब लोगों की सेहत पर भी साफ दिखाई देने लगा है। खासतौर पर गले में खराश की समस्या इन दिनों आम हो गई है, जिससे बच्चे से लेकर बड़े तक सभी परेशान नजर आ रहे हैं। ऐसे में दादी-नानी के पुराने घरेलू नुस्खे आज भी बेहद कारगर साबित हो सकते हैं और बिना किसी साइड इफेक्ट के राहत दिला सकते हैं।
गले की खराश होने पर सबसे पहले खानपान पर ध्यान देना बेहद जरूरी होता है। विशेषज्ञों का मानना है कि कुछ प्राकृतिक चीजों का सेवन गले को आराम पहुंचाने के साथ-साथ संक्रमण से लड़ने में भी मदद करता है। इनमें सबसे प्रमुख है Honey, जिसे औषधीय गुणों का खजाना माना जाता है। शहद गले की सूजन को कम करने और खराश को दूर करने में काफी असरदार होता है। इसे सीधे एक चम्मच खाया जा सकता है या फिर हल्के गर्म पानी में मिलाकर पीने से भी फायदा मिलता है। हालांकि इस दौरान खट्टी चीजों से दूरी बनाना जरूरी माना जाता है, क्योंकि ये गले की परेशानी को और बढ़ा सकती हैं।
इसके अलावा Licorice यानी मुलेठी का उपयोग भी पुराने समय से गले के इलाज में किया जाता रहा है। खासतौर पर गायक और वक्ता अपनी आवाज को बेहतर बनाए रखने के लिए इसका सेवन करते हैं। मुलेठी का काढ़ा गले की खराश को कम करने के साथ-साथ सूजन को भी नियंत्रित करता है। इसके औषधीय गुण शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करने में मदद करते हैं। साथ ही इस दौरान ठंडे पानी से परहेज करते हुए हल्का गुनगुना पानी पीना ज्यादा लाभकारी माना जाता है।
गले की समस्या में Turmeric भी किसी औषधि से कम नहीं है। हल्दी में मौजूद एंटीबैक्टीरियल और एंटीइंफ्लेमेटरी गुण गले के संक्रमण को कम करने में मदद करते हैं। रात के समय एक गिलास गर्म दूध में आधी छोटी चम्मच हल्दी मिलाकर पीने से गले को राहत मिलती है और शरीर की इम्युनिटी भी मजबूत होती है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि बदलते मौसम में छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर गले की खराश जैसी समस्याओं से बचा जा सकता है। हालांकि यदि समस्या लंबे समय तक बनी रहती है या ज्यादा बढ़ जाती है, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी हो जाता है। फिलहाल हल्की खराश की स्थिति में ये घरेलू उपाय काफी हद तक राहत देने में कारगर साबित हो सकते हैं।








