शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। नगर निगम की व्यवस्थाओं को सुधारने और आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से नगरायुक्त शिपू गिरि ने नुमाइश कैंप स्थित जोनल कार्यालय-एक का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने न केवल व्यवस्थाओं का जायजा लिया, बल्कि मौके पर मौजूद लोगों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं का तत्काल समाधान भी कराया।
निरीक्षण के दौरान नगरायुक्त ने कार्यालय में आई जनता से उनके आने का कारण पूछा। इस दौरान दो व्यक्तियों ने बताया कि वे अपनी प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने आए हैं, लेकिन सॉफ्टवेयर काम नहीं कर रहा है, जिसके कारण उनका काम नहीं हो पा रहा। इस पर नगरायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित कर अधीक्षक को निर्देश दिए कि तत्काल मैनुअल व्यवस्था के तहत टैक्स जमा कर रसीद जारी की जाए। निर्देश के तुरंत बाद दोनों नागरिकों का टैक्स जमा कर रसीद प्रदान कर दी गई।
जन्म प्रमाण पत्र भी मौके पर हुआ जारी
निरीक्षण के दौरान एक व्यक्ति अपनी बच्ची के साथ कार्यालय पहुंचा और बताया कि उसकी बेटी छठी कक्षा में पढ़ती है तथा स्कूल में दाखिले के लिए जन्म प्रमाण पत्र की आवश्यकता है। उसने आरोप लगाया कि वह पिछले एक महीने से कार्यालय के चक्कर काट रहा है, लेकिन अब तक प्रमाण पत्र नहीं मिला। इस पर नगरायुक्त ने गंभीरता दिखाते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए और मौके पर ही बच्ची का जन्म प्रमाण पत्र जारी कराया।
इसके अलावा दो अन्य आवेदकों ने अपनी फाइलों की स्थिति को लेकर शिकायत की। इस पर नगरायुक्त ने स्वयं जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र से संबंधित रजिस्टर का अवलोकन किया। जांच में सामने आया कि संबंधित फाइलें उपजिलाधिकारी (सदर) कार्यालय में प्राप्त हो चुकी हैं और लगभग 200 फाइलें वहां लंबित पड़ी हैं।
लंबित फाइलों पर सख्ती, रिमाइंडर जारी करने के निर्देश
नगरायुक्त ने इस स्थिति पर नाराजगी जताते हुए जोनल प्रभारी एवं सहायक नगरायुक्त जे.पी. यादव को निर्देशित किया कि लंबित फाइलों के निस्तारण के लिए तत्काल रिमाइंडर भेजा जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनता को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाना चाहिए और सभी कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं।
सुविधाओं में सुधार के निर्देश
निरीक्षण के दौरान नगरायुक्त ने कार्यालय में पेयजल व्यवस्था की कमी को देखते हुए कूलर लगवाने के निर्देश दिए। साथ ही अन्य मूलभूत सुविधाओं को भी सात दिन के भीतर दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना नगर निगम की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
सात दिन बाद फिर होगा निरीक्षण
नगरायुक्त शिपू गिरि ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि सात दिन बाद पुनः निरीक्षण किया जाएगा और यदि व्यवस्थाओं में सुधार नहीं मिला तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान जोनल कार्यालय के कई अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।







