शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। महानगर कांग्रेस कार्यालय में रविवार को देश के पूर्व उपप्रधानमंत्री बाबू जगजीवन राम की 119वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कांग्रेसजनों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व विधायक सुरेंद्र कपिल ने उपस्थित कार्यकर्ताओं के साथ बाबू जगजीवन राम के चित्र पर माल्यार्पण किया। इसके पश्चात आयोजित गोष्ठी में वक्ताओं ने उनके जीवन, संघर्ष और देश के प्रति योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला।
सुरेंद्र कपिल ने कहा कि 5 अप्रैल 1908 को बिहार में जन्मे बाबू जगजीवन राम आजादी के आंदोलन के दौरान महात्मा गांधी के विचारों से प्रेरित होकर भारत छोड़ो आंदोलन में सक्रिय रहे और वर्ष 1940 में जेल भी गए। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के बाद उन्होंने एक प्रखर राजनेता के रूप में अपनी पहचान बनाई और देश के उपप्रधानमंत्री पद तक पहुंचे। उन्होंने कृषि, शिक्षा, रक्षा और खाद्य जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालयों को कुशलता से संभाला।
जिला उपाध्यक्ष वरुण शर्मा, सरदार चंद्रजीत सिंह निक्कू और महानगर उपाध्यक्ष हरिओम मिश्रा ने भी बाबू जगजीवन राम को महान और दूरदर्शी नेता बताते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने चार दशकों तक संसद में रहकर देश की सेवा की और सामाजिक न्याय के लिए निरंतर कार्य किया। वरुण शर्मा ने बताया कि वर्ष 1969 में वह कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने और उन्होंने गरीबों को सस्ते अनाज की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली की नींव रखी।
कार्यक्रम में सतपाल सिंह बर्मन, इमरान कुरेशी, मनीष सहगल, नसीब खान, सुनील राठौर, अक्षय चौधरी, मयंक शर्मा, शाहाबाद अली आजाद, रीता बब्बर, राकेश मोहन शर्मा, मनोज शर्मा, नेत्रपाल सिंह, विपिन कांत शर्मा, सनी, गिरीश बब्बर और राकेश वर्मा सहित अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।








