शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर, । जनपद में 25, 26 और 27 अप्रैल को आयोजित होने वाली उत्तर प्रदेश होमगार्ड्स भर्ती की लिखित परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और नकलविहीन तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी अरविन्द कुमार चौहान और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिनन्दन ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का संयुक्त रूप से औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों पर लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की उपलब्धता और उनकी सक्रियता को परखा। साथ ही परीक्षा कक्षों में निगरानी व्यवस्था, प्रवेश द्वारों पर सघन चेकिंग और प्रश्नपत्रों की सुरक्षा से जुड़े सभी पहलुओं की बारीकी से समीक्षा की गई। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि परीक्षा शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त कर ली जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे।
जिलाधिकारी ने विशेष रूप से परीक्षार्थियों के लिए पेयजल, स्वच्छता और बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि परीक्षा की पारदर्शिता सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कहीं भी गड़बड़ी या लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वहीं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी परीक्षा केंद्रों और उनके आसपास पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए। उन्होंने कहा कि संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जाए और किसी भी प्रकार की नकल या अनुचित साधनों के इस्तेमाल को सख्ती से रोका जाए, ताकि परीक्षा शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके।
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) संतोष बहादुर सिंह सहित शिक्षा विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने मिलकर परीक्षा को सफलतापूर्वक संपन्न कराने की रणनीति पर चर्चा की और जिम्मेदारियों का स्पष्ट निर्धारण किया।
प्रशासन ने यह भी संकेत दिया है कि परीक्षा के दौरान विशेष निगरानी दल सक्रिय रहेंगे, जो अचानक निरीक्षण कर व्यवस्था की जांच करेंगे। इसके अलावा संवेदनशील केंद्रों पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।
कुल मिलाकर, सहारनपुर प्रशासन इस बार होमगार्ड भर्ती परीक्षा को पूरी सख्ती, पारदर्शिता और सुरक्षा के साथ संपन्न कराने के लिए पूरी तरह तैयार है। अधिकारियों का मानना है कि इस तरह की सख्त निगरानी से नकल माफिया पर लगाम लगेगी और योग्य अभ्यर्थियों को निष्पक्ष अवसर मिल सकेगा।








