अरविंद कौशिक
शामली। उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मिशन शक्ति फेज-5.0 के द्वितीय चरण के अंतर्गत जनपद में महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से भव्य साइक्लोथॉन का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में छात्राओं ने भाग लेकर समाज को यह संदेश दिया कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।

बासंतिक नवरात्रि के पावन अवसर पर चल रहे 30 दिवसीय विशेष अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन जिलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान के निर्देशन में किया गया। साइक्लोथॉन की शुरुआत ब्रिगेडियर होशियार सिंह इंटर कॉलेज से हुई, जिसे सदर विधायक प्रसन्न चौधरी और मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार तिवारी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
रैली नवीन मंडी होते हुए थाना आदर्श मंडी तक पहुंची, जहां इसका समापन हुआ। इस दौरान छात्राओं ने “नारी सुरक्षा, नारी सम्मान और नारी स्वावलंबन” के नारे लगाते हुए आमजन को जागरूक किया। साइक्लोथॉन में श्री सत्यनारायण इंटर कॉलेज, ब्रिगेडियर होशियार सिंह मेमोरियल इंटर कॉलेज और सरस्वती बालिका विद्या मंदिर की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम से पूर्व महिला कल्याण विभाग द्वारा विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान, महिला एवं बाल कल्याण योजनाएं, बाल विवाह और लैंगिक भेदभाव जैसे विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही महिलाओं से जुड़े हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी साझा की गई।
रैली के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। महिला थाना प्रभारी मोनिका चौहान, यातायात प्रभारी निधि चौधरी सहित पुलिस बल ने पूरे मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था संभाली। वहीं स्वास्थ्य विभाग की ओर से एम्बुलेंस और चिकित्सकों की टीम भी तैनात रही, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार तिवारी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा और आत्मनिर्भरता ही सशक्त समाज की नींव है। वहीं विधायक प्रसन्न चौधरी ने कहा कि महिला सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकता है और आज महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही हैं।
साइक्लोथॉन ने समाज को एक प्रेरणादायक संदेश दिया कि जब बेटियां आगे बढ़ती हैं, तो वे केवल अपने सपनों को ही नहीं, बल्कि पूरे समाज को नई दिशा देती हैं। यह आयोजन महिला सशक्तिकरण का जीवंत उदाहरण बनकर सामने आया, जिसने सकारात्मक सोच को बढ़ावा देने के साथ ही बेटियों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।








