शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। जिले में लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 85 शिकायतें पहुंचीं। इनमें से पांच शिकायतों का ही मौके पर निस्तारण हो सका, जबकि शेष शिकायतें संबंधित विभागों को कार्रवाई के लिए सौंप दी गईं। तहसील सदर के सभागार में जिलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में अधिकारियों को शिकायतों का निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण समाधान करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विशेष रूप से भूमि विवादों में दोनों पक्षों की मौजूदगी सुनिश्चित करते हुए मौके पर पारदर्शिता के साथ जांच की जाए। तथ्यों की पड़ताल के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाए, ताकि फरियादियों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
संपूर्ण समाधान दिवस में राजस्व विभाग से संबंधित सबसे अधिक 66 शिकायतें प्राप्त हुईं। इसके अलावा विकास विभाग की तीन, पूर्ति विभाग की तीन, पंचायती राज विभाग की दो, डूडा की तीन, जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय की एक, सहारनपुर विकास प्राधिकरण की एक, लोक निर्माण विभाग की तीन और नगर निगम की तीन शिकायतें दर्ज की गईं। कुल 85 शिकायतों में से पांच का मौके पर निस्तारण किया गया।
डीएम ने अधिकारियों को आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों का भी निर्धारित समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के समाधान में केवल औपचारिकता पूरी न की जाए, बल्कि स्थलीय निरीक्षण कर वास्तविक स्थिति का पता लगाया जाए और शिकायतकर्ता को नियमानुसार राहत दिलाई जाए।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिनंदन सिंह ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुलिस से संबंधित शिकायतों का निष्पक्षता के साथ समयबद्ध निस्तारण किया जाए और पीड़ितों को उचित राहत दिलाने के लिए प्रभावी कार्रवाई की जाए।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी डॉ. सुनील कुमार वर्मा, उपजिलाधिकारी सदर विकास कुमार पांडेय, तहसीलदार सदर गौरव कुमार सहित विभिन्न जिला एवं तहसील स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।








