सहारनपुर के श्री हरि दर्शन मंदिर में धूमधाम से मनाई कृष्ण जन्माष्टमी, पुनर्निर्माण के लिए 11 लाख रुपये की घोषणा

सहारनपुर के चिलकाना रोड स्थित श्री हरि दर्शन मंदिर में कृष्ण जन्माष्टमी धूमधाम से मनाई गई। कर्नल संजय मिड्ढा और महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह ने समारोह का शुभारंभ किया। मंदिर पुनर्निर्माण के लिए कृष्ण लाल मिड्ढा ने 11 लाख रुपये देने की घोषणा की।

शहरी चौपाल ब्यूरो 

सहारनपुर। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व शुक्रवार को सहारनपुर महानगर में श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। शहर के विभिन्न मंदिरों को आकर्षक ढंग से सजाया गया और सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ पूजा-अर्चना के लिए उमड़ती रही। श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण की पूजा कर उपवास रखा तथा मंदिरों में आयोजित धार्मिक कार्यक्रमों में भाग लिया। जगह-जगह राधा-कृष्ण की मनमोहक झांकियां सजाई गईं। छोटे-छोटे बच्चे भी राधा-कृष्ण के स्वरूप में नजर आए और लोगों के आकर्षण का केंद्र बने।

 

चिलकाना रोड स्थित श्री हरि दर्शन मंदिर सनातन धर्म सभा की ओर से जन्माष्टमी पर्व के लिए मंदिर को भव्य रूप से सजाया गया। मंदिर परिसर में दिनभर धार्मिक कार्यक्रम, भजन-कीर्तन और श्रीकृष्ण की लीलाओं से जुड़े आयोजन होते रहे। शाम के समय मंदिर परिसर में आयोजित मुख्य जन्माष्टमी समारोह का शुभारंभ सहारनपुर जिला उद्योग व्यापार मंडल के कोषाध्यक्ष कर्नल संजय मिड्ढा और महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से मंदिर के प्रवेश द्वार पर फीता खोलकर किया।

इस अवसर पर मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने कर्नल संजय मिड्ढा तथा उनके परिवार और महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह एवं उनके परिवार का पगड़ी पहनाकर स्वागत किया। इसके बाद दोनों अतिथियों ने अपने परिवार के साथ मंदिर में भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की और दर्शन किए। मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं ने श्रीकृष्ण के जयकारे लगाए, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।

अयोध्या और अमरनाथ की झांकी बनी आकर्षण का केंद्र

श्री हरि दर्शन मंदिर में जन्माष्टमी समारोह के दौरान मंदिर कमेटी की ओर से तैयार की गई अयोध्या और अमरनाथ की विशेष झांकी श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र रही। झांकी में श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थलों के दर्शन का अनूठा अनुभव कराने का प्रयास किया गया। झांकी में हनुमानगढ़ी का भव्य स्वरूप तैयार किया गया था। इसके आगे करीब 100 मीटर तक बर्फ का दृश्य बनाया गया, जहां श्रद्धालुओं को बर्फ के बीच से होकर आगे बढ़ने का अनुभव कराया गया।
झांकी में आगे अमरनाथ की गुफा का मनमोहक स्वरूप तैयार किया गया था। गुफा तक पहुंचने के लिए बर्फ और ठंडे पानी के बीच से होकर गुजरने का दृश्य बनाया गया। अमरनाथ गुफा में भगवान अमरनाथ के हिम स्वरूप के दर्शन का अद्भुत दृश्य श्रद्धालुओं को विशेष रूप से आकर्षित करता रहा। इसके बाद झांकी में अयोध्या धाम और भगवान श्रीरामलला के भव्य दर्शन का दृश्य प्रस्तुत किया गया।
झांकी को इस प्रकार सजाया गया था कि श्रद्धालुओं को हनुमानगढ़ी से अमरनाथ धाम और फिर अयोध्या में श्रीरामलला के दर्शन तक पहुंचने जैसा धार्मिक अनुभव महसूस हो। झांकी में बर्फ, गुफा, ठंडे पानी और मंदिर के स्वरूप को आकर्षक ढंग से प्रदर्शित किया गया। श्रद्धालुओं ने झांकी की जमकर सराहना की और इसे जन्माष्टमी समारोह का विशेष आकर्षण बताया। श्री हरि दर्शन मंदिर सनातन धर्म सभा के पदाधिकारियों एवं सदस्यों द्वारा तैयार की गई इस झांकी की श्रद्धालुओं ने प्रशंसा करते हुए कहा कि धार्मिक आस्था और रचनात्मकता का ऐसा सुंदर संगम विरले ही देखने को मिलता है।

कर्नल संजय मिड्ढा के साथ उनके पिता कृष्ण लाल मिड्ढा, सुदर्शन लाल मिड्ढा, खैराती लाल अरोड़ा, शीतल टंडन, भाई संदीप मिड्ढा, अशोक मिड्ढा, मनोज मिड्ढा, राकेश मिड्ढा , अनिल मिड्ढा, संजीव मिड्ढा, सुधीर मिड्ढा, संजीव मिड्ढा फौजी, भतीजे अर्पित मिड्ढा, आदित्य मिड्ढा, बेटी अंजलि मिड्ढा, पत्नी एकता मिड्ढा सहित परिवार की महिलाएं मौजूद रहीं। वहीं महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह भी अपनी पत्नी, बेटी और भांजे के साथ मंदिर पहुंचे।

समारोह के दौरान मंदिर परिसर श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। भजन-कीर्तन के बीच श्रद्धालु भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाते रहे। जन्माष्टमी को लेकर बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में विशेष उत्साह दिखाई दिया। मंदिर में सजी झांकियां श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं।

इस मौके पर कर्नल संजय मिड्ढा ने अपने बचपन की यादें साझा करते हुए कहा कि श्री हरि दर्शन मंदिर से उनका गहरा भावनात्मक जुड़ाव है। उनका बचपन इसी मंदिर परिसर से जुड़ी यादों के बीच बीता है। उन्होंने कहा कि बचपन में जन्माष्टमी के अवसर पर वह भी यहां भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप में खड़े हुआ करते थे। आज मुख्य अतिथि के रूप में उसी मंदिर में आकर उन्हें अपने बचपन की यादें ताजा हो गईं। उन्होंने मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों और कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों का आभार जताया तथा भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाकर सभी को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं।

महापौर डॉ. अजय कुमार सिंह ने अपने संबोधन में भगवान श्रीकृष्ण के जीवन और उनके संदेश को समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने अपने जीवन के माध्यम से कर्म, धर्म, सत्य और कर्तव्य का संदेश दिया। गीता में श्रीकृष्ण ने मनुष्य को फल की चिंता किए बिना अपने कर्तव्य का पालन करने की प्रेरणा दी है। उन्होंने कहा कि श्री हरि दर्शन मंदिर केवल पूजा-अर्चना का स्थान नहीं, बल्कि आस्था, संस्कार और सामाजिक एकता का केंद्र है। ऐसे धार्मिक स्थलों का संरक्षण और विकास समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने मंदिर से जुड़ी अपनी आस्था और यहां आयोजित जन्माष्टमी समारोह की भव्यता की सराहना करते हुए मंदिर कमेटी को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है और हमें उनके आदर्शों को अपने जीवन में उतारना चाहिए।

जन्माष्टमी समारोह के दौरान कर्नल संजय मिड्ढा के पिता श्री कृष्ण लाल मिड्ढा ने श्री हरि दर्शन मंदिर के पुनर्निर्माण के लिए 11 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि जिस दिन मंदिर में पुनर्निर्माण का कार्य शुरू किया जाएगा, उनकी ओर से मंदिर को 11 लाख रुपये की राशि प्रदान की जाएगी। उनकी इस घोषणा का उपस्थित श्रद्धालुओं और मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों ने स्वागत किया।

कार्यक्रम में ताज होटल के मालिक एवं उनके परिवार ने भी पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन किए। इसके अलावा भाजपा नेता हेमंत अरोड़ा, पूर्व महानगर अध्यक्ष राकेश जैन, समाजसेवी शीतल टंडन, पूर्व पार्षद मानसिंह, पार्षद नीरज शर्मा, पार्षद गौरव जैन, मंडल प्रताप नगर अध्यक्ष सहित अनेक वरिष्ठ भाजपा नेता, सामाजिक कार्यकर्ता और श्रद्धालु मौजूद रहे।

श्री हरि दर्शन मंदिर सनातन धर्म सभा की ओर से जन्माष्टमी कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग और सुरक्षा व्यवस्था के लिए थाना मंडी के इंस्पेक्टर वीरेंद्र कुमार राणा को भी सम्मानित किया गया। मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने उन्हें सम्मान स्वरूप गले में अंगवस्त्र पहनाकर  उनके सहयोग के प्रति आभार व्यक्त किया। इस दौरान समिति के पदाधिकारियों और श्रद्धालुओं ने कार्यक्रम के दौरान पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए सुरक्षा एवं यातायात प्रबंधों की जमकर सराहना की।

मंदिर समिति ने कहा कि जन्माष्टमी के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने के बावजूद पुलिस प्रशासन की मुस्तैदी के चलते कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ। इंस्पेक्टर वीरेंद्र कुमार राणा के नेतृत्व में पुलिसकर्मियों ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समिति ने पुलिस प्रशासन के सहयोग की प्रशंसा करते हुए कहा कि धार्मिक आयोजनों को शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में संपन्न कराने में प्रशासन एवं पुलिस का सहयोग सराहनीय रहा।

समारोह को सफल बनाने में श्री हरि दर्शन मंदिर सनातन धर्म सभा के पदाधिकारियों और सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। सभा के संरक्षक एवं मार्गदर्शक राजकुमार मक्कड़, संयोजक ओमप्रकाश नरूला, अध्यक्ष राकेश छाबड़ा, महामंत्री पंकज कालरा, कोषाध्यक्ष राजेश कक्कड़, उपाध्यक्ष अजय कालरा, धर्मेंद्र खन्ना, अशोक अनेजा, किशनलाल मक्कड़, हरिप्रकाश कक्कड़, सुदर्शन बंगा, सुरेंद्र अरोड़ा, प्रिंस कक्कड़, कपिल बजाज, अरविंद खन्ना सहित अन्य पदाधिकारी व्यवस्था में जुटे रहे।

जन्माष्टमी समारोह के दौरान मंदिर परिसर में देर शाम तक श्रद्धालुओं का आना-जाना लगा रहा। भजन-कीर्तन और धार्मिक जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण और राधा रानी के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। पूरे आयोजन में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सहभागिता और पारिवारिक एकजुटता का भी संदेश देखने को मिला।

trfgcvkj.blkjhgfd

Leave a Comment

और पढ़ें

Horoscope

Weather

और पढ़ें
error: Content is protected !!

राज्य