शहरी चौपाल ब्यूरो
कैराना/शामली। साइबर अपराधों के खिलाफ सक्रिय कैराना पुलिस ने एक बार फिर त्वरित कार्रवाई करते हुए ठगी के शिकार व्यक्ति को राहत दिलाई है। साइबर सेल की मेहनत से पीड़ित के खाते से निकाले गए ₹94,426 की पूरी धनराशि वापस कराई गई, जिससे पीड़ित और उसके परिवार ने राहत की सांस ली है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, थाना क्षेत्र के गांव पावटी कला निवासी जिकरिया पुत्र मरगूब हसन को एक अज्ञात साइबर ठग ने निशाना बनाया। ठग ने खुद को बैंक या संबंधित विभाग का प्रतिनिधि बताते हुए जिकरिया से संपर्क किया और लोन खाता बंद कराने के नाम पर उनसे जानकारी हासिल कर ली। इसके बाद आरोपी ने धोखाधड़ी करते हुए उनके खाते से ₹94,426 की राशि निकाल ली।
घटना के बाद पीड़ित ने तुरंत थाना कैराना में शिकायत दर्ज कराई। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने जांच शुरू की। जनपद शामली के पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक सुमित शुक्ला के नेतृत्व तथा क्षेत्राधिकारी कैराना के पर्यवेक्षण में साइबर सेल टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए संबंधित बैंकिंग चैनलों से संपर्क साधा और तकनीकी माध्यमों से धनराशि को ट्रेस कर लिया।
साइबर सेल की तत्परता के चलते ठगी की गई पूरी राशि सफलतापूर्वक पीड़ित के खाते में वापस करा दी गई। धनराशि वापस मिलने के बाद जिकरिया ने पुलिस अधीक्षक, थाना कैराना पुलिस और साइबर सेल टीम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समय रहते की गई कार्रवाई से उन्हें बड़ा आर्थिक नुकसान होने से बचा लिया गया।
इस कार्रवाई में थाना कैराना के प्रभारी निरीक्षक समयपाल सिंह, निरीक्षक अपराध योगेन्द्र सिंह, कम्प्यूटर ऑपरेटर अनिल कुमार तथा कांस्टेबल मानवेन्द्र की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि साइबर अपराधों पर नियंत्रण के लिए इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात कॉल, लिंक या संदेश पर भरोसा न करें और अपनी बैंकिंग या निजी जानकारी किसी के साथ साझा न करें। यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार होता है तो तुरंत पुलिस से संपर्क करें या साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें, ताकि समय रहते कार्रवाई कर धनराशि को सुरक्षित किया जा सके।
कैराना पुलिस की इस सफलता से यह स्पष्ट है कि सतर्कता और त्वरित शिकायत से साइबर अपराधों में काफी हद तक नुकसान की भरपाई संभव है।








