शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। क्षेत्र के मानकमऊ स्थित लिटिल साइंटिस्ट स्कूल में आज कैंसर काउंसिल के तत्वावधान में एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के प्रति जागरूक करना और स्वास्थ्य के प्रति सचेत बनाना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डॉ. शाहबाज खान ने उपस्थित लोगों को कैंसर के लक्षण, बचाव और उपचार के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में कैंसर एक गंभीर और तेजी से फैलने वाली बीमारी बन चुकी है, लेकिन समय पर पहचान और सही इलाज से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। उन्होंने लोगों से नियमित जांच कराने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की।
इस दौरान इनायत खान ने कैंसर काउंसिल द्वारा किए जा रहे कार्यों की जानकारी देते हुए स्वास्थ्य से जुड़े महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए। उन्होंने कहा कि “स्वास्थ्य है तो सब कुछ है” और हर व्यक्ति को अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहना चाहिए।

कार्यक्रम में डॉ. असलम खान भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि अच्छी शिक्षा ही समाज को आगे बढ़ाती है। उन्होंने विशेष रूप से बेटियों की शिक्षा पर बल देते हुए कहा कि उन्हें उच्च शिक्षा दिलाना बेहद जरूरी है, जिससे उन्हें सम्मान और बेहतर अवसर मिल सकें।
विद्यालय की प्रधानाचार्य जैनब खान ने कहा कि स्कूल में समय-समय पर स्वास्थ्य से संबंधित कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि छात्र-छात्राएं और अभिभावक जागरूक हो सकें। उन्होंने बताया कि विद्यालय में डिजिटल कक्षाएं और कंप्यूटर लैब की सुविधा उपलब्ध कराई गई है, जिससे शिक्षा का स्तर और बेहतर होगा।
उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षा ही वह आधार है, जिससे बच्चे डॉक्टर, इंजीनियर और वैज्ञानिक बन सकते हैं। इसलिए प्रत्येक अभिभावक का कर्तव्य है कि वह अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा दिलाए।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित विशेषज्ञों ने छात्रों और अभिभावकों को स्वास्थ्य से जुड़ी विभिन्न जानकारियां और उनके लाभों के बारे में अवगत कराया। इस अवसर पर डॉ. उमराह खान, गुलशन खान, शकीरा खातून, अमित कुमार, विवेक कुमार सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने इस प्रकार के जागरूकता अभियानों को समाज के लिए अत्यंत आवश्यक बताते हुए भविष्य में भी ऐसे आयोजन करते रहने का संकल्प लिया। यह आयोजन न केवल स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने में सफल रहा, बल्कि शिक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी का भी महत्वपूर्ण संदेश देकर गया।








