शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। सेंट जोसेफ स्कूल परिसर में संचालित डिवाइन डिफेंस एकेडमी एनडीए, सैनिक स्कूल और नीट जैसी प्रतिष्ठित परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा और मार्गदर्शन का प्रमुख केंद्र बनती जा रही है। एकेडमी द्वारा नियमित रूप से संचालित विशेष कोचिंग और प्रशिक्षण कार्यक्रम छात्रों को शैक्षणिक, शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत बना रहे हैं।
इसी क्रम में सोमवार को भारतीय सेना के अनुभवी अधिकारियों कमांडो दिगंबर सिंह गुसाईं, सीओ वीरेंद्र सिंह तथा कैप्टन ए.एस. थापा ने विद्यालय का दौरा कर विद्यार्थियों के साथ विशेष संवाद सत्र आयोजित किया। कार्यक्रम की शुरुआत डीन एकेडमी अजय गोसाईं एवं डिवाइन डिफेंस एकेडमी के डायरेक्टर द्वारा अधिकारियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत करने के साथ हुई।
कमांडो दिगंबर सिंह गुसाईं ने अपने प्रेरणादायी संबोधन में छात्रों को भारतीय सेना के गौरवशाली इतिहास, अनुशासन और देशभक्ति की भावना से परिचित कराया। उन्होंने अपने सैन्य अभियानों के अनुभव साझा करते हुए कहा कि कठिन परिस्थितियों में मानसिक मजबूती और राष्ट्रप्रेम ही एक सैनिक की सबसे बड़ी ताकत होती है।
सीओ वीरेंद्र सिंह ने एनडीए और सैनिक स्कूल की लिखित परीक्षा, फिजिकल टेस्ट और एसएसबी इंटरव्यू की तैयारी पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने छात्रों को समय प्रबंधन, करेंट अफेयर्स, गणित और अंग्रेजी विषयों में नियमित अभ्यास करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और ईमानदारी चयन प्रक्रिया के महत्वपूर्ण आधार होते हैं।
वहीं कैप्टन ए.एस. थापा ने छात्रों को टीम वर्क, त्वरित निर्णय क्षमता और सकारात्मक सोच का महत्व समझाया। उन्होंने फिजिकल स्टैंडर्ड, मेडिकल टेस्ट और ग्रुप टास्क से जुड़े छात्रों के सवालों का व्यावहारिक उत्तर देकर उनका मार्गदर्शन किया।
डीन अजय गोसाईं ने बताया कि डिवाइन डिफेंस एकेडमी में अनुभवी सैन्य अधिकारियों और विषय विशेषज्ञों द्वारा गणित, जीएटी, विज्ञान और अंग्रेजी की विशेष कक्षाएं संचालित की जाती हैं। इसके साथ ही निःशुल्क मॉक टेस्ट, सुबह फिजिकल ट्रेनिंग और मोटिवेशनल सेशन भी आयोजित किए जाते हैं।
एकेडमी के डायरेक्टर ने बताया कि पिछले वर्षों में यहां से कई छात्र एनडीए, सैनिक स्कूल, आरआईएमसी और नीट जैसी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त कर चुके हैं। कार्यक्रम के अंत में एनसीसी और खेल से जुड़े विद्यार्थियों ने अधिकारियों के साथ फील्ड एक्सरसाइज में भी भाग लिया। छात्रों ने इस संवाद सत्र को बेहद प्रेरणादायक बताते हुए कहा कि इससे उन्हें अपने लक्ष्य को हासिल करने की नई ऊर्जा मिली है।








