शहरी चौपाल ब्यूरो
सरसावा। महाराजा भागीरथ जयंती के अवसर पर सरसावा में आयोजित मंदिर एवं धर्मशाला निर्माण भूमि पूजन समारोह में सामाजिक एकता, समाज सेवा और राष्ट्रहित का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे प्रदेश सरकार के मंत्री जसवंत सैनी ने कहा कि महापुरुषों के जीवन से प्रेरणा लेकर समाज और राष्ट्र के हित में कार्य करना चाहिए।
समारोह में बड़ी संख्या में समाज के लोगों और क्षेत्रवासियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मंदिर एवं धर्मशाला निर्माण के लिए भूमि पूजन संपन्न कराया गया।
अपने संबोधन में मंत्री जसवंत सैनी ने कहा कि महाराजा भागीरथ का जीवन त्याग, तपस्या और समाज सेवा की मिसाल है। उन्होंने कहा कि आज समाज को महापुरुषों के आदर्शों को अपनाने की आवश्यकता है, तभी राष्ट्र और समाज मजबूत बन सकता है।
उन्होंने नगर पालिका चेयरमैन प्रतिनिधि राजू पंवार की विशेष रूप से सराहना करते हुए कहा कि समाज हित में भूमि उपलब्ध कराना एक सराहनीय कार्य है। मंत्री ने कहा कि ऐसे प्रयास सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनते हैं।
कार्यक्रम में विधायक मुकेश चौधरी ने कहा कि सैनी समाज ने हमेशा उन्हें सहयोग और सम्मान दिया है, जिसे वह कभी नहीं भूल सकते। उन्होंने कहा कि वह समाज के हर सुख-दुख में सदैव साथ खड़े रहेंगे और समाजहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहेंगे।
पूर्व विधायक नरेश सैनी ने समाज की एकजुटता पर बल देते हुए कहा कि किसी भी समाज की उन्नति उसकी एकता और संगठन शक्ति पर निर्भर करती है। उन्होंने लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने और समाजहित में मिलकर कार्य करने की अपील की।
नगर पालिका चेयरमैन प्रतिनिधि राजू पंवार ने कहा कि चुनाव से पूर्व उन्होंने सैनी समाज से जो वादा किया था, उसे पूरा किया गया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भविष्य में भी समाज के विकास और धार्मिक कार्यों के लिए हरसंभव सहयोग जारी रहेगा।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने महाराजा भागीरथ के जीवन और समाज के उत्थान में उनके योगदान को याद करते हुए समाज सेवा के संकल्प लिए। समारोह के दौरान धार्मिक और सामाजिक वातावरण देखने को मिला।
इस अवसर पर सैनी भागीरथ समिति से जुड़े पदाधिकारी, सामाजिक कार्यकर्ता एवं क्षेत्र के गणमान्य लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। समारोह में महिलाओं और युवाओं की भी सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।








