शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। बरसात के मौसम में हर साल जलभराव की समस्या से जूझने वाले सहारनपुर शहर के लिए राहत भरी खबर है। नगर निगम की 15वें वित्त आयोग की बैठक में महानगर की जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से करीब 100 करोड़ रुपये की लागत से तीन बड़े नालों के निर्माण को मंजूरी दे दी गई। इसके साथ ही विभिन्न वार्डों में नए नाला निर्माण, नलकूप रिबोर, मिनी नलकूप स्थापना और ओवरहेड जलाशयों की मरम्मत जैसे कई महत्वपूर्ण विकास कार्यों पर भी मुहर लगी।
नगर निगम के शाकंभरी सभागार में महापौर डॉ. अजय कुमार की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में शहर के आधारभूत ढांचे को मजबूत करने से जुड़े कई प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि प्रस्तावित नालों के निर्माण से बरसात के दौरान जल निकासी की क्षमता बढ़ेगी और शहर के अनेक इलाकों में जलभराव की समस्या में काफी कमी आएगी।
बैठक में वार्ड-33 स्थित यश विहार से टपरी बाईपास होते हुए अनुराग विहार तक लगभग 2660 मीटर लंबे आईसीसी नाले के निर्माण को मंजूरी दी गई। इसके अलावा चिलकाना रोड पर लॉर्ड महावीरा एकेडमी से पांवधोई नदी तक 1744 मीटर लंबे आईसीसी नाले तथा वार्ड-57 इस्लामिया कॉलेज रोड पर 520 मीटर लंबे आरसीसी नाले के निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की गई। इन परियोजनाओं के पूरा होने से शहर के कई हिस्सों में बरसाती पानी की निकासी पहले की तुलना में कहीं अधिक सुचारु हो सकेगी।
इसके अतिरिक्त वार्ड-27 गणपति विहार में उमर पैलेस से ढमोला नदी तक लगभग 70 लाख रुपये की लागत से नए नाले के निर्माण को भी हरी झंडी दी गई। स्थानीय लोगों का मानना है कि यह परियोजना लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान साबित हो सकती है।
बैठक में पेयजल व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने पर भी विशेष जोर दिया गया। इसके तहत शहर के छह वार्डों में 35 हॉर्स पावर के छह नलकूपों के रिबोर को मंजूरी दी गई। इन स्थानों में पैरामाउंट ट्यूलिप, ट्रांसपोर्ट नगर, मातागढ़ जलकर परिसर, तेलियों का चौक, गोटेशाह तथा महाडी श्मशान घाट क्षेत्र शामिल हैं।
साथ ही पांच वार्डों—अजीत सिंह नगर, जोहरिया मस्जिद क्षेत्र, 62 फुटा रोड, कोरी माजरा तथा अंकित विहार—में 15 हॉर्स पावर के मिनी नलकूप स्थापित किए जाएंगे। इस परियोजना पर करीब 98 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे, जिससे गर्मी और जल संकट के दौरान नागरिकों को बेहतर पेयजल उपलब्ध हो सकेगा।
बैठक में शहर के पुराने ओवरहेड जलाशयों की मरम्मत और रंगाई-पुताई के लिए भी करीब 2.78 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। गांधी पार्क, सर्किट हाउस, लेबर कॉलोनी, साबरी का बाग, खाताखेड़ी, मातागढ़, चकरोता रोड, नुमाइश कैंप, ट्रांसपोर्ट नगर और पारसपुरम क्षेत्र के ओवरहेड टैंकों का कायाकल्प किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि इससे जलापूर्ति व्यवस्था अधिक सुरक्षित और प्रभावी बनेगी।
महापौर डॉ. अजय कुमार ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य शहरवासियों को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। जल निकासी, पेयजल और आधारभूत ढांचे से जुड़े सभी कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरा कराया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में नगरायुक्त शिपू गिरी, नगर निगम के सभी विभागाध्यक्ष, जिलाधिकारी एवं सहारनपुर विकास प्राधिकरण के प्रतिनिधियों सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। सभी स्वीकृत परियोजनाओं की नियमित निगरानी करने और कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा कराने पर सहमति बनी।








