श्रीकांत शर्मा
गागलहेड़ी (सहारनपुर)। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते हिंडन नदी उफान पर है। नदी के बढ़ते जलस्तर ने गागलहेड़ी थाना क्षेत्र के गांव सोना सैय्यद माजरा में भयावह स्थिति पैदा कर दी। नदी का पानी गांव के कब्रिस्तान में घुस जाने से कई पुरानी और नई कब्रें क्षतिग्रस्त हो गईं। तेज बहाव और मिट्टी के कटाव के कारण कब्रें अपनी जगह से उखड़कर पानी में तैरती दिखाई दीं, जबकि कुछ स्थानों पर शव बाहर आने की सूचना से पूरे गांव में हड़कंप मच गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रातभर हुई भारी बारिश के बाद कब्रिस्तान तेजी से जलमग्न हो गया। पानी का दबाव इतना अधिक था कि कई कब्रों की मिट्टी बह गई और उनकी संरचना पूरी तरह ध्वस्त हो गई। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और मृतकों के परिजन मौके पर पहुंच गए। माहौल बेहद भावुक और गमगीन हो गया। लोगों ने किसी तरह पानी का बहाव कम होने का इंतजार किया और फिर बारिश के बीच ही धार्मिक परंपराओं का पालन करते हुए बाहर आए शवों को दोबारा सम्मानपूर्वक दफनाया।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने पहले कभी ऐसी भयावह स्थिति नहीं देखी। कब्रिस्तान पूरी तरह पानी से घिर गया था और कई कब्रें पानी में तैरती नजर आ रही थीं। इससे पूरे गांव में दहशत का माहौल बन गया। लोगों का कहना है कि लगातार बारिश और हिंडन नदी के बढ़ते जलस्तर ने कब्रिस्तान को पूरी तरह असुरक्षित बना दिया है।
शुक्रवार सुबह जब ग्रामीण दोबारा कब्रिस्तान पहुंचे तो वहां का दृश्य बेहद मार्मिक था। चारों ओर पानी फैला हुआ था और कई कब्रें धंसी हुई दिखाई दे रही थीं। परिजनों ने नम आंखों से दोबारा अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की। ग्रामीणों ने आशंका जताई कि यदि अगले कुछ दिनों तक बारिश जारी रही तो हालात और भी गंभीर हो सकते हैं।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से तत्काल प्रभावित क्षेत्र का सर्वे कराने, कब्रिस्तान से पानी की निकासी सुनिश्चित करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव के लिए स्थायी सुरक्षा व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि कब्रिस्तान के चारों ओर मजबूत सुरक्षा दीवार, तटबंध अथवा अन्य बाढ़ सुरक्षा उपाय किए जाने चाहिए, ताकि धार्मिक स्थल सुरक्षित रह सकें।
स्थानीय लोगों का कहना है कि प्राकृतिक आपदा के कारण उत्पन्न इस स्थिति ने पूरे गांव को झकझोर दिया है। उन्होंने प्रशासन से शीघ्र राहत कार्य शुरू करने, प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण करने और भविष्य के लिए स्थायी समाधान सुनिश्चित करने की अपील की है।








