सहारनपुर , दैनिक शहरी चौपाल। जनपद में पशुओं को खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) जैसी संक्रामक और घातक बीमारी से सुरक्षित रखने के लिए पशुपालन विभाग ने 45 दिवसीय विशेष टीकाकरण अभियान के आठवें चरण का शुभारंभ कर दिया है। विकास भवन परिसर में आयोजित कार्यक्रम में जिला विकास अधिकारी धीरेंद्र यादव ने विभागीय टीकाकरण टीमों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। अभियान के तहत अगले 45 दिनों तक जनपद के सभी 11 विकास खंडों में घर-घर जाकर पशुओं का निःशुल्क टीकाकरण किया जाएगा।
पशुपालन विभाग ने इस अभियान के दौरान 5.50 लाख पशुओं के टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया है। विभागीय टीमें गांव-गांव पहुंचकर पशुपालकों के पशुओं को एफएमडी वैक्सीन लगाकर इस संक्रामक बीमारी से बचाव सुनिश्चित करेंगी। अभियान पूरी तरह निशुल्क रहेगा, जिससे अधिक से अधिक पशुपालक इसका लाभ उठा सकें।
जिला विकास अधिकारी धीरेंद्र यादव ने कहा कि पशुधन ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और उसे संक्रामक रोगों से सुरक्षित रखना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने पशुपालकों से अपील की कि वे अपने सभी पशुओं का समय पर टीकाकरण कराएं और किसी भी पशु को इस अभियान से वंचित न रहने दें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को अभियान को पूरी गंभीरता और पारदर्शिता के साथ सफल बनाने के निर्देश भी दिए।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. मदनपाल सिंह ने बताया कि पूरे जनपद में अभियान के सफल संचालन के लिए 32 टीकाकरण टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारियों और पशु चिकित्साधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्य करेंगी तथा प्रत्येक गांव में पहुंचकर पशुओं का टीकाकरण करेंगी।
उन्होंने बताया कि इस बार टीकाकरण के साथ पशुओं के कान में टैग लगाकर उनका भारत पशुधन ऐप पर पंजीकरण करना अनिवार्य किया गया है। बिना पंजीकरण के टीकाकरण को मान्य नहीं माना जाएगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य पशुओं का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करना तथा भविष्य में रोग नियंत्रण कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी बनाना है।
डॉ. मदनपाल सिंह ने कहा कि खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) एक अत्यंत संक्रामक बीमारी है, जो पशुओं की दुग्ध उत्पादन क्षमता और स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव डालती है। समय पर टीकाकरण से इस बीमारी की रोकथाम संभव है। उन्होंने सभी पशुपालकों से अपील की कि वे विभागीय टीमों का सहयोग करें और अपने पशुओं का पंजीकरण एवं टीकाकरण अवश्य कराएं।
कार्यक्रम के दौरान टीकाकरण रैली निकालकर पशुपालकों को जागरूक भी किया गया। अधिकारियों ने ग्रामीणों को बताया कि सरकार द्वारा यह अभियान पूरी तरह निशुल्क चलाया जा रहा है और इसका उद्देश्य पशुधन को सुरक्षित रखते हुए दुग्ध उत्पादन बढ़ाना तथा पशुपालकों की आय को संरक्षित करना है।
अभियान के शुभारंभ अवसर पर डॉ. सुबोध गोयल, डॉ. एम.ओ. अहमद, डॉ. मनोज कुमार, डॉ. समीर दत्त, डॉ. गौरव तिवारी, डॉ. अमित यादव, डॉ. आलोक सहरावत, डॉ. अखिलेश गुप्ता सहित पशुपालन विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।








