शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। सहारनपुर के मोहल्ला छोटा इमामबाड़ा अन्सारियान में उस समय शोक की लहर दौड़ गई जब ईरान से यह खबर सामने आई कि शिया मुस्लिम समुदाय के मजहबी रहनुमा और ईरान के सुप्रीम लीडर सैय्यद अली खामनेई कथित रूप से इजराइल और अमेरिका के हमले में शहीद हो गए। इस सूचना के बाद शिया समुदाय के लोगों में गहरा दुख और आक्रोश देखने को मिला। गमगीन माहौल में समुदाय के लोग काले कपड़े पहनकर अपने घरों से बाहर निकले और मातम करते हुए शांतिपूर्ण शोक मार्च निकाला। यह मार्च छोटा इमामबाड़ा अन्सारियान से शुरू होकर चैकी सराये तक गया और वहीं से वापस लौटा। शोक मार्च में सैकड़ों की संख्या में लोगों ने भाग लिया और अपने मजहबी रहनुमा के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की। समुदाय के लोगों ने यह भी बताया कि कथित हमले में ईरान के एक स्कूल को भी निशाना बनाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में मासूम बच्चों और नागरिकों की मौत होने की बात कही जा रही है। इस घटना से लोगों में गहरा दुख और संवेदना का माहौल है। शिया जामा मस्जिद के इमाम-ए-जुमा वल जमाअत मौलाना इजहार हैदर और मौलाना सैय्यद जफर अब्बास जैदी ने बताया कि इस घटना के विरोध और शोक प्रकट करने के लिए सहारनपुर का शिया मुस्लिम समुदाय दिनांक 02 मार्च 2026 को नमाज-ए-जौहर के बाद दोपहर लगभग 1रू30 बजे महामहिम राष्ट्रपति, भारत सरकार को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी सहारनपुर के माध्यम से सौंपेगा। उन्होंने बताया कि समुदाय इस घटना को लेकर गहरा दुख व्यक्त कर रहा है और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी भावनाओं को प्रकट कर रहा है। शोक मार्च पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा और इसमें शामिल लोगों ने अनुशासन बनाए रखा।










