सहारनपुर में रेलवे पेंशनर्स समाज का 13वां वार्षिक सम्मेलन, पुरानी पेंशन व भत्तों को लेकर उठीं मांगें

सहारनपुर में रेलवे पेंशनर्स समाज के 13वें वार्षिक सम्मेलन में पेंशनर्स के हितों को लेकर कई अहम मांगें उठाई गईं। पुरानी पेंशन योजना लागू करने, डीए भुगतान और आठवें वेतन आयोग में समानता की मांग प्रमुख रही।

शहरी चौपाल ब्यूरो 

सहारनपुर। रेलवे पेंशनर्स समाज, सहारनपुर (पंजीकृत) का 13वां वार्षिक सम्मेलन अंबाला रोड स्थित एक होटल सभागार में गरिमामय और उत्साहपूर्ण वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां भारती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन, पुष्पार्पण, वंदे मातरम और ईश वंदना के साथ हुआ, जिससे पूरे सभागार में देशभक्ति और सम्मान का माहौल बन गया।

सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित अविनाश राजपूत ने पेंशनर्स से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भारत पेंशनर्स समाज वर्ष 1955 से देशभर में पेंशनभोगियों के अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा है और वर्तमान में इसके साथ लगभग 250 संगठन जुड़े हुए हैं, जिनके करीब 10 लाख सदस्य हैं। उन्होंने सरकार से कई महत्वपूर्ण मांगें रखते हुए कहा कि पुरानी पेंशन योजना को पुनः लागू किया जाना चाहिए, क्योंकि यह पेंशनर्स के सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा के लिए आवश्यक है।

उन्होंने कोरोना काल के दौरान रोके गए महंगाई भत्ते के भुगतान, वित्त अधिनियम 2025 में संशोधन, आठवें वेतन आयोग के लाभों में भेदभाव समाप्त करने और 65 वर्ष की आयु के बाद अतिरिक्त पेंशन देने की भी मांग की। इसके अलावा उन्होंने कम्यूटेशन कटौती की अवधि को 15 वर्ष से घटाकर 10 वर्ष करने, चिकित्सा भत्ता बढ़ाने और पेंशन को आयकर से मुक्त करने जैसे मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया। उनका कहना था कि इन मांगों को पूरा करने से लाखों पेंशनर्स को राहत मिलेगी और उनका जीवन स्तर बेहतर होगा।

इस अवसर पर के.एल. अरोड़ा ने वरिष्ठ नागरिकों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बुजुर्ग समाज के अनुभवों की अमूल्य धरोहर होते हैं। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे वरिष्ठ नागरिकों का सम्मान करें और उन्हें समाज की मुख्यधारा में सक्रिय रूप से शामिल करें। साथ ही उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों से भी संगठन से जुड़कर अपनी आवाज को मजबूत बनाने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में एडीएमओ डॉ. गौरव शर्मा ने वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव दिए और नियमित जांच व स्वस्थ जीवनशैली अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बढ़ती उम्र में स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना बेहद आवश्यक है।

संस्था के संस्थापक आर.सी. शर्मा ने संस्था की 13 वर्षों की उपलब्धियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया और बताया कि संगठन ने पेंशनर्स के हितों के लिए कई स्तरों पर कार्य किया है। अध्यक्ष जे.एन. शर्मा ने सभी अतिथियों का स्वागत किया, जबकि महामंत्री एन.एस. चौहान ने वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। कोषाध्यक्ष आर.के. धींगड़ा ने वित्तीय विवरण प्रस्तुत कर संगठन की आर्थिक स्थिति से अवगत कराया। कार्यक्रम का संचालन मूलचंद रांगड़ा द्वारा किया गया।

सम्मेलन के दौरान संस्था की वार्षिक पत्रिका का विमोचन भी किया गया, जिसमें वर्षभर की गतिविधियों और उपलब्धियों का उल्लेख किया गया। इस अवसर पर 80 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों और संस्था के विशिष्ट कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया, जिससे उपस्थित लोगों में उत्साह का माहौल रहा।

कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी विशेष आकर्षण का केंद्र बनाया। गीत-संगीत और नृत्य की प्रस्तुतियों ने माहौल को जीवंत कर दिया। साथ ही वर्षभर में दिवंगत हुए सदस्यों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके योगदान को याद किया गया।

सम्मेलन के अंत में चुनाव अधिकारी प्रकाश चंद द्वारा वर्ष 2026-27 के लिए नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई। इसमें संस्थापक रमेश चंद शर्मा, अध्यक्ष जय नारायण शर्मा, महामंत्री नरेंद्र सिंह चौहान और कोषाध्यक्ष राम प्रकाश शर्मा सहित अन्य पदाधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं।

कार्यक्रम में हंसराज माही, अविनाशी गुप्ता, वरुण देव मिश्रा, कुलदीप सिंह, ए.एस. धारिया, स्टेशन मैनेजर अनिल त्यागी, अरुण कुमार, निखिल कुमार, अनुपम महाजन सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सम्मेलन का समापन सौहार्दपूर्ण वातावरण में हुआ, जिसमें पेंशनर्स के अधिकारों की लड़ाई को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।

trfgcvkj.blkjhgfd

Leave a Comment

और पढ़ें

Horoscope

Weather

और पढ़ें
error: Content is protected !!

राज्य