शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। महानगर में धार्मिक आस्था और भक्ति का अद्भुत संगम उस समय देखने को मिला, जब राधा विहार स्थित श्री खाटू श्याम मंदिर के वार्षिकोत्सव के उपलक्ष्य में भव्य पालकी नगर यात्रा निकाली गई। इस अवसर पर शहर का वातावरण पूरी तरह से भक्तिमय हो गया और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ ने पूरे मार्ग को जयकारों से गुंजायमान कर दिया।
पालकी यात्रा का शुभारंभ दिल्ली रोड स्थित पैरामाउंट ट्यूलिप कॉलोनी से हुआ, जहां से सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु बाबा श्याम की भक्ति में लीन होकर यात्रा के साथ चल पड़े। यात्रा का संचालन और मार्गदर्शन स्वामी कालेंद्रानंद महाराज के सानिध्य में किया गया। उनके नेतृत्व में निकली इस यात्रा ने पूरे शहर में धार्मिक ऊर्जा और उत्साह का संचार किया।
यात्रा के दौरान स्वर्ण पालकी में विराजित खाटू श्याम की दिव्य छवि को श्रद्धालुओं ने पुष्पों और इत्र की वर्षा कर भक्ति भाव से नमन किया। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं द्वारा पूजा-अर्चना की गई और बाबा श्याम के जयकारों से वातावरण गूंज उठा। कई स्थानों पर भक्तों ने भंडारे और जलपान की व्यवस्था भी की, जिससे यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
यात्रा के दौरान रमेश चंद शर्मा, संजीव चौधरी, सुभाष सैनी (बीडीओ) तथा भूपेंद्र सिंह पुंडीर के निवास स्थानों पर विशेष स्वागत किया गया। यहां श्रद्धालुओं द्वारा आरती उतारी गई और पालकी का भव्य अभिनंदन किया गया। यह दृश्य अत्यंत श्रद्धा और भक्ति से परिपूर्ण रहा।

इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु नंगे पांव यात्रा में शामिल हुए और बाबा श्याम के प्रति अपनी गहरी आस्था व्यक्त करते हुए मार्ग में माथा टेकते नजर आए। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों सभी ने समान उत्साह के साथ इस यात्रा में भाग लिया, जिससे यह आयोजन और भी भव्य बन गया।
अपने संबोधन में स्वामी कालेंद्रानंद महाराज ने कहा कि बाबा खाटू श्याम जन-जन के कल्याणकारी देव हैं और उनकी कृपा से भक्तों के सभी कष्ट दूर होते हैं। उन्होंने बताया कि इस पालकी यात्रा का उद्देश्य समाज में धर्म, दान और निःस्वार्थ सेवा की भावना को जागृत करना है। उन्होंने महाभारत कालीन पात्र बर्बरीक के त्याग और समर्पण का उल्लेख करते हुए कहा कि जीवन में निस्वार्थ सेवा और समर्पण ही सच्ची भक्ति का मार्ग है।
इस आयोजन में राजेंद्र धीमान, संजय राणा, अनिल नारंग, सनी, उपेंद्र चौधरी, अंशुल शांडिल्य, जॉनी सैनी, दिग्विजय सिंह पुंडीर, प्रेमवती शर्मा, उमा चौधरी, शिवानी सैनी, संगीता पुंडीर, लोकेश त्यागी, कोमल सैनी, जगनिता चौधरी और कुसुम शर्मा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
पूरे आयोजन के दौरान अनुशासन और व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया, जिससे यात्रा शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुई। यह पालकी यात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि समाज में एकता, भाईचारे और सेवा भाव का भी संदेश देने में सफल रही।








