शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। जनपद न्यायालय परिसर में शनिवार को माननीय जनपद न्यायाधीश सतेन्द्र कुमार की अध्यक्षता में मध्यस्थता केंद्र में कार्यरत मध्यस्थों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में मध्यस्थता प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, सुगम और पारदर्शी बनाने पर चर्चा की गई। इसके साथ ही न्यायालय परिसर में अग्निशमन मॉकड्रिल जागरूकता कार्यक्रम का भी सफल आयोजन किया गया।
न्यायिक अधिकारी सभाकक्ष में आयोजित बैठक में जनपद न्यायाधीश सतेन्द्र कुमार ने कहा कि मध्यस्थता का मुख्य उद्देश्य न्यायालयों और थानों में लंबित मामलों को आपसी सहमति और सुलह-समझौते के माध्यम से निपटाना है। उन्होंने कहा कि मध्यस्थता विवाद समाधान का एक सस्ता, सरल और गोपनीय माध्यम है, जिससे न केवल लोगों को जल्दी न्याय मिलता है बल्कि अदालतों पर बढ़ते मामलों का बोझ भी कम होता है।
उन्होंने मध्यस्थों से कहा कि वे निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ कार्य करते हुए अधिक से अधिक मामलों को आपसी समझौते से निपटाने का प्रयास करें। बैठक के दौरान मध्यस्थों ने अपने अनुभव साझा किए और मध्यस्थता प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए।
बैठक में अपर जिला जज अभय कृष्ण तिवारी, अपर जिला जज मौ. अहमद खान, पूर्णकालिक सचिव पप्पू कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में मध्यस्थ उपस्थित रहे।
इसी क्रम में न्यायालय परिसर में अग्निशमन मॉकड्रिल जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य न्यायालय परिसर में किसी भी आपातकालीन स्थिति, विशेषकर आग लगने की घटना के दौरान कर्मचारियों, अधिवक्ताओं और आम जनता की सुरक्षा एवं बचाव कार्यों की तैयारी को परखना था।
मॉकड्रिल के दौरान अग्निशमन विभाग की टीम ने आग लगने की स्थिति में बचाव और नियंत्रण के तरीकों का प्रदर्शन किया। कर्मचारियों और अधिकारियों को आग बुझाने वाले उपकरणों के उपयोग तथा सुरक्षित निकासी की प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई।
माननीय जनपद न्यायाधीश सतेन्द्र कुमार ने कहा कि किसी भी आपदा से निपटने के लिए पूर्व तैयारी और जागरूकता बेहद आवश्यक है। उन्होंने न्यायालय कर्मचारियों से आपातकालीन परिस्थितियों में सतर्कता और संयम बनाए रखने की अपील की।
इस अवसर पर अपर जिला जज अभय कृष्ण तिवारी, अपर जिला जज मौ. अहमद खान, पूर्णकालिक सचिव पप्पू कुमार सिंह, सिविल जज (सीडी) आशुतोष तिवारी सहित न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता और कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।








