शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से सहारनपुर यातायात पुलिस द्वारा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर विशेष चेकिंग अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान तेज रफ्तार से वाहन चला रहे 290 वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कुल 5 लाख 58 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। पुलिस की इस कार्रवाई से वाहन चालकों में हड़कंप मचा रहा।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहारनपुर के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक यातायात के पर्यवेक्षण में गुरुवार को यह विशेष अभियान चलाया गया। क्षेत्राधिकारी यातायात और प्रभारी यातायात पुलिस टीम ने दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे स्थित कोलकी टोल प्लाजा के पास सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान विशेष रूप से निर्धारित गति सीमा से अधिक रफ्तार में चलने वाले वाहनों की जांच की गई।
यातायात पुलिस ने आधुनिक स्पीड मॉनिटरिंग उपकरणों की मदद से ओवरस्पीड वाहनों की पहचान की और मोटर वाहन अधिनियम के तहत चालानी कार्रवाई की। पुलिस अधिकारियों के अनुसार एक्सप्रेस-वे पर बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं का एक बड़ा कारण तेज रफ्तार है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह अभियान चलाया गया ताकि वाहन चालक यातायात नियमों के प्रति जागरूक हो सकें।
अभियान के दौरान कई वाहन चालक निर्धारित गति सीमा से काफी अधिक स्पीड में वाहन चलाते पाए गए। पुलिस ने ऐसे सभी वाहन चालकों के खिलाफ ई-चालान की कार्रवाई की और उन्हें भविष्य में नियमों का पालन करने की सख्त चेतावनी दी। कुल 290 वाहनों के चालान किए गए और उन पर 5 लाख 58 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
पुलिस अधीक्षक यातायात ने कहा कि सड़क सुरक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि एक्सप्रेस-वे और जनपद के प्रमुख मार्गों पर आगे भी इस प्रकार के विशेष अभियान लगातार चलाए जाएंगे। उन्होंने वाहन चालकों से अपील करते हुए कहा कि वे निर्धारित गति सीमा के भीतर वाहन चलाएं और यातायात नियमों का पूरी तरह पालन करें।
यातायात पुलिस ने आमजन को जागरूक करते हुए “दुर्घटना से देर भली” का संदेश भी दिया। अधिकारियों ने कहा कि तेज रफ्तार कुछ मिनटों का समय जरूर बचा सकती है, लेकिन एक छोटी सी लापरवाही जीवनभर का दर्द दे सकती है। उन्होंने कहा कि घर पर परिवार अपने प्रियजनों का इंतजार करता है, इसलिए सुरक्षित वाहन चलाना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि हेलमेट, सीट बेल्ट, लेन ड्राइविंग और गति सीमा जैसे नियमों का पालन कर अधिकांश सड़क हादसों को रोका जा सकता है। यातायात पुलिस समय-समय पर जागरूकता अभियान भी चला रही है ताकि लोग सड़क सुरक्षा के प्रति अधिक गंभीर बनें।
स्थानीय लोगों और वाहन चालकों ने भी यातायात पुलिस की इस कार्रवाई को आवश्यक बताया। लोगों का कहना है कि एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार वाहनों के कारण हादसों की आशंका लगातार बनी रहती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस तरह की सख्त कार्रवाई से वाहन चालकों में नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी।








