शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। अंतरराष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर सहारनपुर उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल (पंजीकृत) महानगर इकाई द्वारा रेलवे रोड स्थित व्यापार मंडल कार्यालय में एक जागरूकता गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में श्रम विभाग के अधिकारियों ने व्यापारियों को बाल श्रम निषेध कानूनों, किशोर श्रमिकों के अधिकारों तथा श्रमिक कल्याण योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम का शुभारंभ सहायक श्रम आयुक्त प्रवीण दत्त, महानगर अध्यक्ष विवेक मनोचा एवं महामंत्री सरदार सुरेंद्र मोहन सिंह चावला ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
मुख्य अतिथि सहायक श्रम आयुक्त प्रवीण दत्त ने कहा कि 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों को किसी भी दुकान, प्रतिष्ठान, फैक्ट्री अथवा व्यावसायिक संस्थान में कार्य पर रखना कानूनन अपराध है। ऐसा करने पर 20 हजार रुपये से 50 हजार रुपये तक जुर्माना और तीन वर्ष तक की सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि किशोर श्रमिकों के संबंध में भी निर्धारित नियमों का पालन करना आवश्यक है।
उन्होंने बताया कि यदि कोई किशोर शिक्षा ग्रहण कर रहा है तो उससे सीमित समय तक ही कार्य लिया जा सकता है। लगातार तीन घंटे कार्य लेने के बाद एक घंटे का विश्राम देना अनिवार्य है। किशोरों से ओवरटाइम नहीं कराया जा सकता तथा शाम सात बजे के बाद उनसे कार्य लेना भी नियमों के विरुद्ध है। साप्ताहिक अवकाश देना और श्रम विभाग को सूचना देकर आवश्यक अभिलेख तैयार करना भी अनिवार्य है।
प्रवीण दत्त ने व्यापारियों से अपील की कि वे किसी भी किशोर को जोखिमपूर्ण और खतरनाक कार्यों में न लगाएं। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग अब केवल नियामक की भूमिका में ही नहीं बल्कि श्रमिकों और व्यापारियों को सुविधाएं उपलब्ध कराने वाली संस्था के रूप में भी कार्य कर रहा है। अधिकांश प्रक्रियाएं ऑनलाइन होने से व्यापारियों को काफी सहूलियत मिली है।
उन्होंने बताया कि छोटे प्रतिष्ठानों के लिए कई प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया है। वहीं श्रम कल्याण परिषद द्वारा श्रमिकों और उनके परिवारों के लिए कन्या विवाह सहायता, दुर्घटना एवं मृत्यु सहायता, स्वास्थ्य सुविधाएं, निःशुल्क धार्मिक यात्रा तथा छात्रवृत्ति जैसी अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं।
गोष्ठी को लेबर इंस्पेक्टर मनोज अरोड़ा, एस.एस. त्रिपाठी, महानगर अध्यक्ष विवेक मनोचा, महामंत्री सुरेंद्र मोहन सिंह चावला तथा प्रदेश उपाध्यक्ष यशपाल मैनी ने भी संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि बाल श्रम समाज के लिए गंभीर चुनौती है और इसके उन्मूलन के लिए सभी वर्गों को जागरूक होना होगा।
कार्यक्रम के दौरान श्रम विभाग के अधिकारियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया गया।
इस अवसर पर व्यापार मंडल के कोषाध्यक्ष सुधीर मिगलानी, संयोजक राजकुमार विज, मंडल अध्यक्ष संजय भसीन, प्रदेश संगठन मंत्री अशोक छाबड़ा, युवा चेयरमैन दीपक खेड़ा, युवा अध्यक्ष अनुभव शर्मा, युवा महामंत्री कुबेर नरूला, राजीव मदान, नीरज जैन, सूरज प्रकाश ठक्कर, गुलशन अनेजा, ललित पोपली, मनजीत अरोड़ा, मदन लाम्बा, जसविंदर सिंह, संजय जुनेजा, डॉ. राजेश नारंग, रवि जसूजा, जसपाल बत्रा, इकबाल अहमद, पंकज हरजाई, विपिन मदान सहित बड़ी संख्या में व्यापारी एवं श्रम विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।








