शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर। जनपद में सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण और यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से यातायात पुलिस ने जून माह के दौरान व्यापक अभियान चलाकर नियमों का उल्लंघन करने वाले 5,094 वाहनों के चालान किए। इस कार्रवाई में विभिन्न यातायात नियमों के उल्लंघन पर कुल 1 करोड़ 40 लाख 80 हजार रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिनंदन के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक यातायात शैलेन्द्र कुमार श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में प्रभारी यातायात अमित तोमर के नेतृत्व में जैनपुरा, सैय्यद माजरा, गणेशपुर, कोलकी और सरसावा टोल प्लाजाओं पर विशेष चेकिंग अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान बैरियर लगाकर वाहनों की गहन जांच की गई और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई।
ब्रेथ एनालाइजर से जांच के दौरान शराब पीकर वाहन चलाने वाले 168 वाहन चालकों के चालान किए गए, जिन पर लगभग 17 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। वहीं 108 मॉडिफाइड साइलेंसर एवं प्रेशर हॉर्न वाले वाहनों पर 10.80 लाख रुपये, 465 फॉल्टी नंबर प्लेट वाले वाहनों पर 23 लाख रुपये तथा नो-एंट्री का उल्लंघन करने वाले 38 भारी वाहनों पर 4 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
यातायात पुलिस ने नेशनल हाईवे, स्टेट हाईवे और एक्सप्रेस-वे पर ओवरस्पीड वाहनों के खिलाफ भी विशेष अभियान चलाया। इस दौरान 4,260 वाहनों के चालान करते हुए 86 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। इसके अतिरिक्त क्षमता से अधिक सवारी बैठाकर चलने वाले 55 वाहनों के विरुद्ध भी कार्रवाई की गई।
विशेष अभियान के दौरान केवल प्रवर्तन कार्रवाई ही नहीं की गई, बल्कि ‘मीट एंड ग्रीट’ अभियान के माध्यम से परिवार के साथ यात्रा कर रहे लोगों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याएं भी सुनी गईं। महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ लाउड हेलर के माध्यम से सड़क सुरक्षा, हेलमेट, सीट बेल्ट और यातायात नियमों के पालन के प्रति लोगों को जागरूक किया गया।
पुलिस अधीक्षक यातायात शैलेन्द्र कुमार श्रीवास्तव ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। वाहन चालक शराब पीकर वाहन न चलाएं, निर्धारित गति सीमा का पालन करें तथा शहर में सुबह 6 बजे से रात 11 बजे तक लागू नो-एंट्री व्यवस्था का पूर्ण पालन करें। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भविष्य में भी इस प्रकार के औचक अभियान लगातार जारी रहेंगे।








