शहरी चौपाल ब्यूरो
सहारनपुर । सहारनपुर परिक्षेत्र में चलाए जा रहे “ऑपरेशन सवेरा – नशे के अंधकार से जीवन के उजाले की ओर” अभियान के तहत थाना मंडी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने 300 ग्राम अवैध चरस के साथ दो शातिर नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी यह मादक पदार्थ कहां से लाते थे और किन लोगों तक इसकी सप्लाई करते थे।
पुलिस उपमहानिरीक्षक, सहारनपुर परिक्षेत्र के निर्देशन में तीनों जनपदों में नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक नगर एवं क्षेत्राधिकारी नगर प्रथम के पर्यवेक्षण में थाना मंडी पुलिस लगातार चेकिंग और गश्त कर रही थी।
इसी दौरान मुखबिर की सूचना पर प्रभारी निरीक्षक सतपाल सिंह भाटी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने थाना क्षेत्र में घेराबंदी कर विकास उर्फ बंटी करनवाल निवासी रामनगर मल्हीपुर रोड तथा रवि उर्फ विक्की निवासी नवाबगंज रोड, शहंशाह डेरी को गिरफ्तार कर लिया।
तलाशी के दौरान विकास के कब्जे से 160 ग्राम तथा रवि के कब्जे से 140 ग्राम अवैध चरस बरामद हुई। कुल 300 ग्राम चरस की बरामदगी के आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना मंडी में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी नशे के अवैध कारोबार से जुड़े हुए थे। पुलिस अब इनके फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंक खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार गिरफ्तार आरोपी विकास उर्फ बंटी करनवाल के खिलाफ चोरी, धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने, आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे पहले से दर्ज हैं। वहीं रवि उर्फ विक्की के खिलाफ भी आर्म्स एक्ट का मुकदमा दर्ज है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑपरेशन सवेरा के तहत जिले में नशा तस्करों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने और मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए पुलिस हर स्तर पर कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कहीं नशा तस्करी की सूचना मिले तो तत्काल पुलिस को जानकारी दें, ताकि समाज को नशामुक्त बनाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा सकें।








