प्रमोद शर्मा
छुटमलपुर (सहारनपुर) । उत्तर प्रदेश सरकार के वृक्षारोपण महाअभियान-2026 एवं ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत छुटमलपुर में रविवार को व्यापक पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। नगर पंचायत प्रशासन और भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने अलग-अलग स्थानों पर औषधीय, फलदार एवं छायादार पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया तथा रोपे गए पौधों के संरक्षण और संवर्धन का सामूहिक संकल्प लिया।

नगर पंचायत की ओर से फतेहपुर स्थित सरोवर के किनारे आयोजित कार्यक्रम में अधिशासी अधिकारी कमलकांत राजवंशी के नेतृत्व में 21 औषधीय एवं फलदार पौधों का रोपण किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने के लिए वृक्षारोपण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुका है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को जन-जन तक पहुंचाने और अधिक से अधिक पौधे लगाने का संकल्प लिया। इस दौरान सभासद ओमप्रकाश सैनी, रजत पुंडीर, डॉ. किरण पाल सिंह, प्रियंका कंबोज, रिजवान अहमद, उषा राठौर, रजत चौहान, अंकुश कश्यप, चांद अहमद सहित अनेक जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे।
वहीं भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने भी सरस्वती शिक्षा निकेतन परिसर में मंडल उपाध्यक्ष मंजू शर्मा के नेतृत्व में पौधारोपण किया। इस दौरान छायादार एवं फलदार पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। भाजपा नेताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किया गया ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान समाज को प्रकृति और मातृ सम्मान से जोड़ने का प्रेरणादायी प्रयास है। प्रत्येक नागरिक को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसका संरक्षण अवश्य करना चाहिए।
कार्यक्रम में जिला प्रतिनिधि अनुज राणा, मंडल महामंत्री विशाल बंसल, दिनेश शर्मा, डॉ. अक्षय दीक्षित, डॉ. संजय सैनी, मंडल उपाध्यक्ष बबीता कंबोज, योगेश कुमार, राहुल त्यागी सहित अनेक भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
वक्ताओं ने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, हरित और स्वस्थ वातावरण देने का सामाजिक दायित्व है। यदि प्रत्येक नागरिक एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करे तो पर्यावरण संरक्षण का लक्ष्य आसानी से प्राप्त किया जा सकता है। छुटमलपुर में आयोजित यह अभियान लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना।








