Saharanpur News: एपीआई की वैज्ञानिक गोष्ठी में विशेषज्ञों ने बताया मोटापा कम करने का प्रभावी तरीका, जीवनशैली सुधारने पर दिया जोर

एपीआई सहारनपुर की वैज्ञानिक गोष्ठी में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मोटापा, मधुमेह और हार्मोन संबंधी बीमारियों पर जानकारी दी। स्वस्थ जीवनशैली, संतुलित आहार और नियमित व्यायाम को मोटापा नियंत्रण का सबसे प्रभावी उपाय बताया गया।

शहरी चौपाल ब्यूरो 

सहारनपुर। एसोसिएशन ऑफ फिजिशियन ऑफ इंडिया (एपीआई) सहारनपुर शाखा की ओर से अंबाला रोड स्थित एक होटल के सभागार में मासिक वैज्ञानिक गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में देहरादून से आए विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मोटापे के बढ़ते खतरे, उसके कारणों, आधुनिक उपचार पद्धतियों तथा बचाव के उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला। चिकित्सकों ने कहा कि मोटापा केवल शारीरिक बनावट की समस्या नहीं, बल्कि कई गंभीर बीमारियों की प्रमुख वजह बन चुका है। इसलिए समय रहते इसे नियंत्रित करना अत्यंत आवश्यक है।

गोष्ठी को संबोधित करते हुए ग्राफिक एरा हॉस्पिटल, देहरादून के वरिष्ठ मधुमेह रोग विशेषज्ञ डॉ. सुनील कुमार ने बताया कि मौन्जेरो (Mounjaro) दवा मोटापा कम करने में प्रभावी साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि चिकित्सकीय परामर्श के अनुसार इसके उपयोग से कई मरीजों में 15 से 20 प्रतिशत तक वजन कम देखा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि वजन नियंत्रित होने से डायबिटीज, हृदय रोग, स्लीप एपनिया, फैटी लीवर, हाइपोथायरॉयडिज्म, ऑस्टियोआर्थराइटिस और कुछ प्रकार के कैंसर जैसी बीमारियों का जोखिम भी कम किया जा सकता है।

मैक्स हॉस्पिटल, देहरादून की वरिष्ठ हार्मोन रोग विशेषज्ञ डॉ. श्रेया शर्मा ने कहा कि भारत में लगभग चार करोड़ बच्चे मोटापे से प्रभावित हैं और इस मामले में भारत दुनिया में अमेरिका के बाद दूसरे स्थान पर है। उन्होंने बताया कि अत्यधिक मीठे खाद्य पदार्थों का सेवन, नियमित व्यायाम का अभाव, तनाव, पर्याप्त नींद न लेना तथा भोजन में अत्यधिक कार्बोहाइड्रेट शामिल करना मोटापे के प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि यदि मोटापे पर समय रहते नियंत्रण नहीं किया गया तो आगे चलकर मधुमेह, हृदय रोग, फैटी लीवर, घुटनों का दर्द, स्लीप एपनिया और हार्मोन संबंधी बीमारियों का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।

एपीआई सहारनपुर शाखा के अध्यक्ष डॉ. कलीम अहमद ने कहा कि स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर मोटापे पर काफी हद तक नियंत्रण पाया जा सकता है। उन्होंने सलाह दी कि भोजन में कार्बोहाइड्रेट की मात्रा सीमित रखें, पर्याप्त प्रोटीन लें, हरी सब्जियों और सलाद का अधिक सेवन करें, मीठी चीजों और शराब से दूरी बनाए रखें तथा नियमित रूप से व्यायाम और शारीरिक गतिविधियों को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।

कार्यक्रम में एपीआई के सचिव डॉ. विकास अग्रवाल ने अतिथि चिकित्सकों का स्वागत किया और उनके अनुभवों को चिकित्सकों के लिए उपयोगी बताया। वैज्ञानिक सचिव डॉ. सौम्या जैन ने कार्यक्रम का संचालन किया।

इस अवसर पर डॉ. अनुपम मलिक, डॉ. नरेश नौसरान, डॉ. रजनीश दहूजा, डॉ. मोहन पाण्डेय, डॉ. सुधीर अग्रवाल, डॉ. अनिल मलिक, डॉ. सुदर्शन नागपाल, डॉ. अजय कुमार जैन, डॉ. प्रवीण चावला, डॉ. डी.के. गुप्ता, डॉ. अमरजीत पोपली, डॉ. सी.एस. चोपड़ा, डॉ. महेश चंद्रा, डॉ. महेश गोयल, डॉ. सत्यानंद साथी, डॉ. जावेद अख्तर, डॉ. अनुराग गर्ग, डॉ. बी.एस. दत्ता सहित बड़ी संख्या में चिकित्सक उपस्थित रहे।

trfgcvkj.blkjhgfd

Leave a Comment

और पढ़ें

Horoscope

Weather

और पढ़ें
error: Content is protected !!

राज्य